हास्य योग के माध्यम से स्वस्थ जीवन का संदेश
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सप्तदिवसीय योग कार्यशाला का पंचम दिवस सम्पन्न
चित्रकूट उप्र – अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस–2026 के उपलक्ष्य में जगद्गुरु रामभद्राचार्य दिव्यांग राज्य विश्वविद्यालय, चित्रकूट में योग विभाग के तत्वावधान में आयोजित सप्तदिवसीय योग कार्यशाला का पंचम दिवस उत्साह, अनुशासन एवं सकारात्मक ऊर्जा के वातावरण में सम्पन्न हुआ। योगाभ्यास सत्र में विश्वविद्यालय परिवार के शिक्षकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों ने बड़ी संख्या में सहभागिता कर योग को स्वस्थ एवं संतुलित जीवन का आधार बनाने का संकल्प लिया।
यह कार्यशाला विश्वविद्यालय के माननीय कुलपति प्रो. शिशिर कुमार पाण्डेय, कुलसचिव श्री मधुरेन्द्र पर्वत तथा कार्यक्रम समन्वयक डॉ. आनन्द कुमार के मार्गदर्शन में आयोजित की जा रही है। कार्यशाला का उद्देश्य योग के माध्यम से शारीरिक, मानसिक एवं आध्यात्मिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा नियमित योगाभ्यास की संस्कृति को प्रोत्साहित करना है।
पंचम दिवस के योगाभ्यास सत्र में प्रतिभागियों को विभिन्न योगासन, सूक्ष्म व्यायाम, प्राणायाम, ध्यान एवं हास्य योग का अभ्यास कराया गया। विशेष रूप से हास्य योग के माध्यम से तनाव मुक्ति, मानसिक प्रसन्नता और सकारात्मक दृष्टिकोण के महत्व को रेखांकित किया गया। प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक अभ्यास करते हुए योग के विविध आयामों का अनुभव किया।
इस अवसर पर राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम अधिकारी डॉ. दिलीप, डॉ. शांत चतुर्वेदी, डॉ. संजय नायक एवं डॉ. अरविन्द कुमार, एनसीसी अधिकारी कुमार प्रद्योत दुबे, अधिष्ठाता सामाजिक विज्ञान संकाय डॉ. विनोद कुमार मिश्रा, अधिष्ठाता शिक्षा संकाय डॉ. निहार मिश्रा, कुलानुशासक डॉ. गोपाल मिश्रा, चिकित्सा अधिकारी डॉ. सचिन्द्र उपाध्याय तथा शिक्षा विभागाध्यक्ष डॉ. नीतू तिवारी की गरिमामयी उपस्थिति रही।
योगाभ्यास सत्र का संचालन एवं मार्गदर्शन योग विभाग के सहायक आचार्य एवं कार्यक्रम अधिकारी जितेन्द्र प्रताप सिंह द्वारा किया गया। उन्होंने कहा कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं है, बल्कि यह जीवन को संतुलित, अनुशासित और सकारात्मक बनाने वाली एक समग्र जीवन-पद्धति है। उन्होंने प्रतिभागियों को नियमित योगाभ्यास, प्राणायाम एवं ध्यान को दैनिक जीवन में शामिल करने के लिए प्रेरित किया तथा योग के वैज्ञानिक एवं व्यावहारिक लाभों पर विस्तार से प्रकाश डाला।


कार्यक्रम में उपस्थित सभी प्रतिभागियों ने सामूहिक रूप से स्वस्थ शरीर, शांत मन एवं सशक्त समाज के निर्माण हेतु योग को अपने जीवन का अभिन्न अंग बनाने का संकल्प लिया। कार्यशाला के दौरान पूरे परिसर में उत्साह, ऊर्जा एवं सकारात्मकता का वातावरण बना रहा। कार्यक्रम का समापन शांति मंत्र एवं योग संकल्प के साथ गरिमापूर्ण ढंग से सम्पन्न हुआ।
राघवेंद्र सचान सिटी रिपोर्टर भारत विमर्श चित्रकूट उत्तर प्रदेश।
